कैनबरा। ऑस्ट्रेलियाई संघीय सरकार ने देशभर में संचालित 30 चाइल्डकेयर केंद्रों को राष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों (National Quality Standards – NQS) का पालन न करने पर कठोर कार्रवाई की चेतावनी दी है। इन केंद्रों को हाल ही में जारी "शो कॉज़ नोटिस" में छह महीने के भीतर गंभीर खामियों को सुधारने का निर्देश दिया गया है। समय सीमा में सुधार न करने पर इनका सरकारी अनुदान यानी Child Care Subsidy (CCS) बंद कर दिया जाएगा।
सरकारी निरीक्षणों के दौरान कई केंद्रों में साफ-सफाई की कमी, बच्चों की देखरेख के लिए अपर्याप्त प्रशिक्षित स्टाफ, और सुरक्षा इंतज़ामों में लापरवाही जैसे गंभीर उल्लंघन पाए गए। कुछ केंद्रों में तो कर्मचारियों के पास अद्यतन Working With Children Check (WWCC) प्रमाणपत्र भी नहीं थे।
संघीय शिक्षा मंत्री जेसन क्लेयर ने कहा,
"बच्चों की सुरक्षा और भलाई पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा। जो केंद्र मानकों पर खरे नहीं उतरते, वे फंडिंग खो देंगे—और आवश्यकता पड़ी तो लाइसेंस भी रद्द किए जाएंगे।"
नए कानून के तहत किसी भी केंद्र को एक भी गंभीर सुरक्षा उल्लंघन पर तुरंत फंडिंग से वंचित किया जा सकता है। यह प्रावधान 23 जुलाई 2025 को संसद में पारित हुआ और अब पूरी तरह लागू है।
नोटिस मिलने के बाद प्रभावित इलाकों में अभिभावकों और सामाजिक संगठनों में चिंता फैल गई है। कई माता-पिता इन केंद्रों पर बच्चों की देखभाल और प्रारंभिक शिक्षा के लिए निर्भर हैं। सामाजिक कार्यकर्ताओं ने सरकार से मांग की है कि दोषी केंद्रों पर कार्रवाई के साथ-साथ प्रभावित बच्चों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
इन 30 केंद्रों को 48 घंटे के भीतर अभिभावकों को नोटिस की सूचना देने और छह महीने में सुधार का सबूत पेश करने का निर्देश है। निर्धारित समयसीमा के बाद सरकार दोबारा निरीक्षण करेगी और तय करेगी कि किन केंद्रों को फंडिंग जारी रखी जाए और किन्हें बंद किया जाए।
ऑस्ट्रेलिया में करीब 10% चाइल्डकेयर केंद्रों की राष्ट्रीय गुणवत्ता रेटिंग नहीं है, और कई ‘वर्किंग टुवर्ड्स’ श्रेणी में हैं—जो न्यूनतम मानकों से नीचे है। उत्तरी क्षेत्र (Northern Territory) में यह समस्या और गंभीर है, जहां 22% केंद्र मानकों पर खरे नहीं उतरते।