मॉस्को/कीव। रूस और यूक्रेन के बीच तीन साल से जारी युद्ध के बीच रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की को बातचीत के लिए मॉस्को आने का प्रस्ताव दिया है। हालाँकि पुतिन ने साफ़ चेतावनी दी कि यदि शांति समझौता नहीं हुआ तो रूस अपनी सैन्य कार्रवाई जारी रखेगा।
यह बयान पुतिन ने चीन की यात्रा के समापन पर दिया, जहाँ उन्होंने चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग और उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग-उन के साथ एक भव्य सैन्य परेड में हिस्सा लिया। पुतिन ने कहा कि उन्होंने कभी भी ज़ेलेंस्की से मिलने से इनकार नहीं किया।
उन्होंने बताया, “डोनाल्ड ट्रंप ने मुझसे ऐसी बैठक के लिए कहा था। मैंने जवाब दिया- हाँ, यह संभव है। ज़ेलेंस्की मॉस्को आ सकते हैं। लेकिन क्या इसका कोई मतलब है? देखते हैं।”
यूक्रेन के विदेश मंत्री आंद्रियी सिबिहा ने इस न्यौते को “अस्वीकार्य” बताते हुए कहा कि “कम से कम सात देश यूक्रेन और रूस के बीच वार्ता की मेजबानी करने को तैयार हैं।”
उन्होंने स्पष्ट किया कि राष्ट्रपति ज़ेलेंस्की किसी भी समय बातचीत के लिए तैयार हैं, लेकिन रूस की ओर से बार-बार “जानबूझकर अस्वीकार्य प्रस्ताव” दिए जा रहे हैं।
सिबिहा ने कहा, “केवल बढ़ता अंतरराष्ट्रीय दबाव ही रूस को गंभीरता से शांति प्रक्रिया में शामिल होने पर मजबूर कर सकता है।”
रूस-यूक्रेन युद्ध फरवरी 2022 में शुरू हुआ था और अब तक लाखों लोग विस्थापित हो चुके हैं। हाल ही में कई देशों ने मध्यस्थता का प्रस्ताव रखा है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान सामने नहीं आया है।