बॉन्डी बीच हमले पर सातवां दिन: स्मृति स्थल हटेगा, एएफपी ने ‘अन्य लोगों’ की जांच शुरू की

बॉन्डी बीच हमले पर सातवां दिन: स्मृति स्थल हटेगा, एएफपी ने ‘अन्य लोगों’ की जांच शुरू की

सिडनी/कैनबरा। बॉन्डी बीच पर हुए सामूहिक गोलीकांड की जांच सातवें दिन भी जारी है। इस बीच, वावरली काउंसिल ने घोषणा की है कि समुद्र तट पर बनाया गया पुष्प-स्मारक सोमवार को हटाया जाएगा। वहीं, ऑस्ट्रेलियन फेडरल पुलिस (AFP) ने पिता–पुत्र हमलावरों से जुड़े “अन्य लोगों” की पहचान के लिए अपनी जांच का दायरा बढ़ा दिया है।

AFP आयुक्त Krissy Barrett ने कहा कि जांच एजेंसियां अब यह पता लगाने को प्राथमिकता दे रही हैं कि हमले से पहले कथित आरोपियों ने किन-किन लोगों से संपर्क किया था। उन्होंने बताया कि इसका उद्देश्य ऐसे व्यक्तियों की पहचान करना है जो सीधे इस मामले से जुड़े न हों, लेकिन सामुदायिक सुरक्षा के लिए जोखिम बन सकते हैं।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि न्यू साउथ वेल्स जॉइंट काउंटर टेररिज़्म टीम हालिया तलाशी वारंटों से मिले साक्ष्यों की समीक्षा कर रही है।

इस बीच, NSW पुलिस ने सप्ताहांत में संभावित प्रदर्शनों को लेकर चेतावनी जारी की है। पुलिस का कहना है कि सोशल मीडिया पर प्रचारित कुछ “अनधिकृत सभाओं” की जानकारी मिली है और ऐसे किसी भी बड़े जमावड़े पर कड़ी निगरानी व सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने हिंसा, प्रतिशोध या विजिलांटे व्यवहार से दूर रहने की अपील की है।

पुष्प-स्मारक हटाने की तैयारी
वावरली काउंसिल के अनुसार, 22 दिसंबर को बॉन्डी बीच पर बने पुष्प-स्मारक को सम्मानपूर्वक हटाया जाएगा। काउंसिल ने कहा कि श्रद्धांजलि सामग्री को संरक्षित करने के लिए तस्वीरें ली जाएंगी और कुछ वस्तुओं को भविष्य के स्मारक कार्यों हेतु संग्रहित किया जाएगा। इस प्रक्रिया में सिडनी ज्यूइश म्यूज़ियम और ऑस्ट्रेलियन ज्यूइश हिस्टोरिकल सोसाइटी का सहयोग लिया जाएगा।

आतंकवाद के आरोप और कानूनी कार्रवाई
घायल अवस्था में जीवित बचे कथित हमलावर नावीद अकरम पर अस्पताल में ही आतंकवाद सहित 50 से अधिक आरोप लगाए गए हैं, जिनमें 15 हत्याओं के आरोप शामिल हैं। उनके पिता साजिद अकरम की घटना के दौरान पुलिस कार्रवाई में मौत हो गई थी।

राष्ट्रीय स्तर पर समीक्षा
प्रधानमंत्री Anthony Albanese ने चरमपंथ से निपटने के लिए खुफिया एजेंसियों की शक्तियों और समन्वय की समीक्षा के संकेत दिए हैं। बताया गया है कि प्रधानमंत्री एवं कैबिनेट विभाग को यह जांचने का दायित्व सौंपा गया है कि सुरक्षा एजेंसियों के पास आवश्यक अधिकार, ढांचा और सूचना-साझाकरण की व्यवस्था पर्याप्त है या नहीं।
उधर, विक्टोरिया के प्रीमियर ने रॉयल कमीशन के विचार का समर्थन किया है।

जांच एजेंसियों का कहना है कि स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है और समुदाय की सुरक्षा सर्वोपरि है।