बेंगलुरु | 16 जुलाई 2025: कन्नड़ फिल्म अभिनेत्री रान्या राव को सोने की तस्करी के गंभीर मामले में दोषी पाए जाने के बाद एक साल की सजा सुनाई गई है। यह सजा विदेशी मुद्रा नियंत्रण और तस्करी रोकथाम कानून (COFEPOSA, 1974) के तहत दी गई है। इस कानून के अंतर्गत उन्हें किसी भी तरह की जमानत का अधिकार नहीं मिलेगा।
रान्या राव को 3 मार्च 2025 को बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उस समय गिरफ्तार किया गया था, जब डायरेक्टोरेट ऑफ रेवेन्यू इंटेलिजेंस (DRI) ने उनके पास से 14.2 किलोग्राम सोना बरामद किया। यह सोना उनके शरीर से बारीकी से चिपकाकर लाया गया था और इसकी कीमत लगभग ₹12.5 करोड़ रुपये आंकी गई थी।
DRI की जांच में खुलासा हुआ कि रान्या और उनके सहयोगी तारुण राजू ने जनवरी से मार्च 2025 के बीच दुबई की कई यात्राएं कीं और इसी दौरान तस्करी की गतिविधियों को अंजाम दिया गया। अधिकारियों के अनुसार, रान्या ने 2023 से अब तक 56 से अधिक अंतरराष्ट्रीय यात्राएं की थीं, जिनमें अधिकतर दुबई और अन्य खाड़ी देशों के लिए थीं।
जांच एजेंसियों का मानना है कि यह एक संगठित तस्करी नेटवर्क का हिस्सा है, जिसमें कई और हस्तियां एवं कारोबारी जुड़े हो सकते हैं। इस मामले में रान्या के साथ गिरफ्तार किए गए सहयोगी तारुण राजू और सरिल जैन को भी हिरासत में रखा गया है।
रान्या राव पर COFEPOSA लागू किया गया है, जिसके तहत उन्हें कम से कम 1 वर्ष तक जेल में रहना अनिवार्य है, भले ही अन्य मामलों में उन्हें जमानत मिल जाए। यह कानून उन मामलों में लागू किया जाता है, जहां अपराधी के भविष्य में फिर से तस्करी में शामिल होने की संभावना हो।
20 मई 2025 को रान्या को आर्थिक अपराध अदालत से डिफॉल्ट जमानत (default bail) मिल गई थी, लेकिन COFEPOSA की वजह से उन्हें जेल से रिहा नहीं किया गया।
सूत्रों के अनुसार, रान्या राव के सौतेले पिता और कर्नाटक के पूर्व पुलिस महानिदेशक (DGP) रामचंद्र राव की भूमिका पर भी जांच एजेंसियों की नजर है। आरोप है कि उन्होंने रान्या की विदेश यात्राओं और सुरक्षा जांच में मदद की थी। मामले के प्रकाश में आने के बाद उन्हें छुट्टी पर भेज दिया गया है और उनके खिलाफ विभागीय जांच शुरू हो गई है।
रान्या राव कन्नड़ सिनेमा की एक जानी-मानी अभिनेत्री रही हैं और उन्होंने कई हिट फिल्मों में काम किया है। उनकी गिरफ़्तारी और अब सजा ने सिनेमा और प्रशंसकों के बीच सनसनी फैला दी है। फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े कई लोगों ने इस घटनाक्रम पर चुप्पी साध ली है, जबकि कुछ ने न्यायिक फैसले का समर्थन किया है।
गिरफ्तारी तिथि: 3 मार्च 2025
बरामद सोना: 14.2 किग्रा (₹12.5 करोड़)
सजा: 1 साल जेल, COFEPOSA के तहत
सह आरोपी: तारुण राजू, सरिल जैन
न्यायालय: विशेष आर्थिक अपराध अदालत, बेंगलुरु
जमानत: डिफॉल्ट बेल स्वीकृत, लेकिन COFEPOSA लागू होने से रिहाई नहीं