मंत्री नितेश राणे को अदालत से सजा, इंजीनियर पर कीचड़ फेंकने के मामले में दोषी करार

कानून हाथ में लेने का किसी को अधिकार नहीं”—कोर्ट की सख्त टिप्पणी

मंत्री नितेश राणे को अदालत से सजा, इंजीनियर पर कीचड़ फेंकने के मामले में दोषी करार

महाराष्ट्र के मंत्री नितेश राणे को एक पुराने विवादित मामले में अदालत ने दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है। यह मामला राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के एक इंजीनियर पर कीचड़ फेंकने की घटना से जुड़ा है, जिसने उस समय काफी राजनीतिक और सामाजिक हलचल पैदा कर दी थी।

अदालत ने अपने फैसले में स्पष्ट कहा कि किसी भी व्यक्ति, चाहे वह जनप्रतिनिधि ही क्यों न हो, को कानून अपने हाथ में लेने का अधिकार नहीं है। न्यायालय ने इस कृत्य को अनुचित और कानून व्यवस्था के खिलाफ बताया।

यह घटना उस समय की है जब सड़क निर्माण कार्य को लेकर नाराजगी जताते हुए मंत्री और उनके समर्थकों ने मौके पर मौजूद NHAI इंजीनियर के साथ दुर्व्यवहार किया था और उस पर कीचड़ फेंका गया था। घटना का वीडियो सामने आने के बाद मामला तूल पकड़ गया था और व्यापक आलोचना हुई थी।

सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने तर्क दिया कि यह कृत्य न केवल सरकारी कर्मचारी के सम्मान के खिलाफ था, बल्कि यह सार्वजनिक पद की गरिमा को भी ठेस पहुंचाने वाला है। वहीं बचाव पक्ष ने इसे क्षणिक आक्रोश का परिणाम बताया, लेकिन अदालत ने इन दलीलों को पर्याप्त नहीं माना।

फैसला सुनाते हुए कोर्ट ने कहा कि ऐसे मामलों में सख्ती जरूरी है ताकि सार्वजनिक जीवन में अनुशासन और कानून का सम्मान बना रहे। सजा के साथ ही अदालत ने यह संदेश भी दिया कि जिम्मेदार पदों पर बैठे लोगों से कानून के पालन की अपेक्षा और अधिक होती है।

इस फैसले के बाद राजनीतिक हलकों में प्रतिक्रियाओं का दौर शुरू हो गया है। विपक्ष ने इसे कानून की जीत बताया है, जबकि समर्थकों ने फैसले पर असहमति जताई है।