नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों की शुरुआत, पूर्वोत्तर से उत्तर भारत तक मजबूत होगा रेल संपर्क

नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों की शुरुआत, पूर्वोत्तर से उत्तर भारत तक मजबूत होगा रेल संपर्क

नई दिल्ली/गुवाहाटी।
देश के रेल बुनियादी ढांचे को और सशक्त बनाने की दिशा में एक अहम कदम उठाते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को पश्चिम बंगाल और असम से चलने वाली नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को हरी झंडी दिखाई। इन नई ट्रेनों के शुरू होने से लंबी दूरी की यात्रा न केवल अधिक किफायती होगी, बल्कि यात्रियों को तेज, सुरक्षित और आधुनिक सुविधाओं से युक्त रेल सेवा भी मिलेगी।

प्रधानमंत्री पश्चिम बंगाल और असम के दो दिवसीय दौरे पर हैं। इस दौरान उन्होंने असम से दो नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों का शुभारंभ किया, जबकि कुल मिलाकर पश्चिम बंगाल और असम से पांच नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों के संचालन की घोषणा की गई है। इन ट्रेनों से उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली, हरियाणा, पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु सहित कई राज्यों को सीधा लाभ मिलेगा।

असम से शुरू हुईं दो प्रमुख ट्रेनें

असम से जिन दो अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों का उद्घाटन किया गया, वे हैं—

  • कामाख्या–रोहतक अमृत भारत एक्सप्रेस, जो पूर्वोत्तर को हरियाणा और उत्तर भारत से सीधे जोड़ेगी।

  • डिब्रूगढ़–लखनऊ (गोमती नगर) अमृत भारत एक्सप्रेस, जिससे असम, बिहार और उत्तर प्रदेश के बीच रेल संपर्क और मजबूत होगा।

इन ट्रेनों के शुरू होने से खासकर प्रवासी कामगारों, छात्रों और व्यापारियों को बड़ी सुविधा मिलने की उम्मीद है।

प्रधानमंत्री का संबोधन

कालियाबोर में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि असम आकर उन्हें हमेशा एक विशेष आनंद की अनुभूति होती है। उन्होंने काजीरंगा में बिताए अपने पूर्व अनुभवों को याद करते हुए कहा कि यह धरती प्राकृतिक सौंदर्य के साथ-साथ वीरों और प्रतिभाशाली युवाओं की भूमि है। प्रधानमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार पूर्वोत्तर भारत के विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है और रेल कनेक्टिविटी इसका अहम आधार है।

यात्रियों को क्या होगा फायदा

रेल मंत्रालय के अनुसार, अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों को आम यात्रियों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। इन ट्रेनों में बेहतर सीटिंग व्यवस्था, आधुनिक कोच, उन्नत सुरक्षा सुविधाएं और किफायती किराया उपलब्ध कराया गया है। इससे लंबी दूरी की यात्रा अधिक आरामदायक और सुलभ बनेगी।

विकास को मिलेगी रफ्तार

नई ट्रेनों के संचालन से न केवल यात्री सुविधाओं में सुधार होगा, बल्कि इससे व्यापार, पर्यटन और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। विशेषज्ञों का मानना है कि पूर्वोत्तर और उत्तर भारत के बीच बेहतर रेल संपर्क से क्षेत्रीय विकास को नई गति मिलेगी।

कुल मिलाकर, अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों की यह पहल देश के रेल नेटवर्क को आधुनिक बनाने और आम लोगों की यात्रा को सुगम बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।