खुदरा क्षेत्र में संकट: अपराध पर रोक न लगी तो ‘भूतिया बाज़ार’ बनने का खतरा

खुदरा क्षेत्र में संकट: अपराध पर रोक न लगी तो ‘भूतिया बाज़ार’ बनने का खतरा

कैनबरा/मेलबर्न – देश भर के खुदरा कारोबारियों ने चेतावनी दी है कि यदि चोरी और संगठित अपराध की बढ़ती घटनाओं पर तुरंत सख्ती नहीं की गई, तो ऑस्ट्रेलिया के कई प्रमुख शॉपिंग सेंटर और बाज़ार ‘भूतिया कस्बों’ में बदल सकते हैं।

रिटेल इंडस्ट्री का कहना है कि दुकानों से चोरी और हमलों के कारण अरबों डॉलर का नुकसान हो रहा है। उद्योग जगत ने संघीय सरकार से गुहार लगाई है कि वह इस मामले में तुरंत हस्तक्षेप करे और विशेषकर विक्टोरिया जैसे पीछे रह गए राज्यों पर दबाव बनाए, ताकि अपराध के खिलाफ ठोस कदम उठाए जा सकें।

अरबों का नुकसान, बढ़ते खतरे

उद्योग सूत्रों के अनुसार, चोरी और अपराध के मामलों ने पिछले कुछ वर्षों में रिकॉर्ड तोड़ स्तर छू लिया है। सुपरमार्केट से लेकर कपड़ों और इलेक्ट्रॉनिक्स की दुकानों तक, सभी रिटेल सेक्टर प्रभावित हैं। कई कारोबारी मानते हैं कि अगर हालात ऐसे ही रहे तो न केवल निवेश और रोजगार प्रभावित होंगे, बल्कि स्थानीय शॉपिंग स्ट्रिप्स वीरान हो जाएंगी।

सरकार से सख्त कार्रवाई की मांग

ऑस्ट्रेलियन रिटेल एसोसिएशन ने कहा है कि अपराध से निपटने के लिए केवल स्थानीय पुलिस की कार्रवाई पर्याप्त नहीं है। संघीय और राज्य सरकारों को मिलकर ठोस रणनीति बनानी होगी। कारोबारियों का तर्क है कि सुरक्षा कानूनों को कड़ा करने और अपराधियों के खिलाफ तुरंत कार्रवाई करने से ही हालात काबू में आ सकते हैं।

विक्टोरिया पर विशेष निशाना

उद्योग जगत ने विक्टोरिया को विशेष रूप से आड़े हाथों लिया है। उनका कहना है कि राज्य सरकार ने अपराध रोकने में ढिलाई दिखाई है, जिससे कारोबारी माहौल बिगड़ रहा है। कई बड़े रिटेल चेन अब अपने निवेश और विस्तार योजनाओं की समीक्षा कर रहे हैं।